Home Jammu Kashmir Jammu पाकिस्तान के करतारपुर पहुंचे सिद्धू ने इमरान खान को बताया ‘बड़ा भाई’,...

पाकिस्तान के करतारपुर पहुंचे सिद्धू ने इमरान खान को बताया ‘बड़ा भाई’, भाजपा बोली ये हिंदुस्तानियों के लिए चिंता का विषय

404
SHARE

पंजाब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू शनिवार को पाकिस्तान के करतारपुर स्थित गुरुद्वारा दरबार साहिब के दर्शन करने के लिए गुरदासपुर के डेरा बाबा नानक स्थित करतारपुर कारिडोर के एकीकृत चेक पोस्ट पर पहुंचे। करतारपुर पहुंचे सिद्धू का गर्मजोशी से स्वागत हुआ। उनपर पुष्प वर्षा हुई। हालांकि, इस दौरान उन्होंने कुछ ऐसा कहा, जिससे माहौल गर्म हो गया है। दरअसल, सिद्धू ने उनके स्वागत में आए लोगों से बातचीत के दौरान पाकिस्तान के पीएम इमरान खान को अपना बड़ा भाई बता दिया।
नवजोत सिंह सिद्धू ने श्रीकरतारपुर साहिब गुरुद्वारा पहुंचकर दर्शन किए। वहीं, सिद्धू का एक वीडियो भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता अमित मालवीय ने ट्वीट किया। इसमें वे इमरान खान के बारे में हो रही बात के बाद यह कहते हुए दिख रहे हैं, ‘मेरा बड़ा भाई है और उसने मुझे बहुत प्यार दिया है।’ इसपर भाजपा हमलावर है और सिद्धू को अब के व पिछले पाकिस्तान के दौरे को लेकर घेर रही है।
मालवीय कहते हैं, ‘राहुल गांधी के चहेते नवजोत सिंह सिद्धू पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को अपना ‘बड़ा भाई’ कहते हैं। पिछली बार उन्होंने पाकिस्तानी सेना के प्रमुख जनरल बाजवा को गले लगाया था, उनकी जमकर तारीफ की थी। उन्होंने कहा कि क्या यह कोई आश्चर्य की बात है कि गांधी भाई-बहनों ने अनुभवी अमरिंदर सिंह को छोड़ सिद्धू को चुना, जो पाकिस्तान से प्यार करता है?
वहीं, भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने प्रेस कान्फ्रेंस कर नवजोत सिंह सिद्धू के मसले पर कांग्रेस को घेरा है। उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस के दिग्गज नेता और पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धु पाकिस्तान जाएं और इमरान खान का महिमामंडन न करें, पाकिस्तान की स्तुति न करें ऐसा हो नहीं सकता।’ वे बोले, ‘आज सिद्धू ने इमरान खान को ‘बड़ा भाई’ कहकर संबोधित किया और कहा कि मैं उन्हें बहुत प्यार करता हूं। ये करोड़ों हिंदुस्तानियों के लिए चिंता का विषय है।’ पात्रा ने आगे कहा कि कांग्रेस पार्टी का ये एक प्रकार का तरीका है। सलमान खर्शीद, मणिशंकर अय्यर, राशिद अल्वी और इन सबके ऊपर राहुल गांधी, ये सभी हिंदू और हिंदुत्व को गाली देते हैं। वहीं सिद्धू पाकिस्तान के हित में बयान देते हैं। ये कोई इत्तेफाकन नहीं है।